गुजराती संस्कृति के रंग दिखे ब्रज की माटी में
आगरा। गुजराती पारंपरिक नृत्य और ब्रज मंडल की साझा संस्कृति का अद्भुत मिलन, गरबा और डांडिया पर थिरकते युगल माहौल, मौका था दो दिवसीय ‘नवरात्रि रास गरबा’ कार्यक्रम के समापन का। गुरुवार को जोनल पार्क ताज नगरी के एमफी थियेटर पर आयोजित इस आयोजन में जहां लखनऊ से आये अक्षय कुमार एण्ड ग्रुप ने गरबा की एक से एक धमाकेदार प्रस्तुति ने समा बाँध दिया तो वहीं मौजूद लोगों ने ताल से ताल मिला कर इस माहौल को रंगीन कर दिया एक और भक्ति रस में डूबे युगल नजर आ रहे थे तो दूसरी ओर ब्रज की संस्कृति ब्रज और गुजरात पारंपरिक वेशभूषा मैं लोग अद्भुत आयोजन का एहसास करा रहे थे माहौल ऐसा था कि मौजूद हर युगल गरबा की मस्ती में खुद को झूमने से नहीं रोक पाया।
एक और गरबा जहां गुजराती संस्कृति और परंपरागत नृत्य को दर्शा रहा था वही ब्रज मंडल के रूप में सजाए गए जोनल पार्क में यहां के स्थानीय गांव के दर्शन नजर आए बरसाना, गोवर्धन, वृंदावन, गोकुल, नंदगांव, मथुरा को बड़े खूबसूरत ढंग से सजाया गया था खासतौर से बनाए गए सेल्फी प्वाइंट पर लोग लगातार फोटो खींचते नजर आए। इस अद्भुत नजारे को देख हर कोई भक्ति रस में डूबा नजर आया।
कार्यक्रम समापन के मौके पर आगरा विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष चर्चित गौड़, एफमेक अध्यक्ष पूरन डावर, अशोक ग्रुप की चेयरमैन डा.रंजना बंसल, अप्सा अध्यक्ष डाॅ. सुशील गुप्ता ने इस प्रकार के आयोजन निरंतर करते रहने की प्रतिबद्धता जताई।
किस प्रकार गुजरात की तरह समृद्धि मिले इस दिशा में सोचना होगा
जी 20 के बाद आगरा में एक सकारात्मक माहोल बना है एक नई स्फूर्ति आयी है। आई लव आगरा सेल्फ़ी पोइंट, चौपटी और ज़ोनल पार्क विकसित हुए हैं। अब ज़िम्मेदारी हम नागरिकों पर है कि हम सांस्कृतिक विरासत से पर्यटकों को कैसे लुभा सकते हैं। रास गरबा की शुरुआत उसी दिशा में एक प्रयास है।
- पूरन डावर, अध्यक्ष, एफ़मेक
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