सगी बहन का हत्यारा बोला, गलत कामों से परिवार की इज्जत डुबो रही थी पूनम
आगरा, 28 नवम्बर। शाहगंज के जोगीपाड़ा में सगी बहन की हत्या करने वाले निक्कू चौधरी ने पुलिस को दिए बयान में कहा, "बहन हर दिन झगड़ा करती थी, 27 साल की हो गई थी, लेकिन शादी नहीं कर रही थी। वह गलत कामों से परिवार की इज्जत डूबो रही थी।"
उसने यह भी कहा कि बहन बेलनगंज से 12 ताले लेकर आई थी। वह और भाभी मिलकर दुकानों में लगा रही थी। इसका विरोध करने पर गाली-गलौज हुई। इस दौरान बहन ने मेरे ऊपर थूक दिया। इसी से मुझे गुस्सा आया। उसने कहा, मैं सिर्फ बहन को मारना चाहता था। फायरिंग के दौरान भाभी को भी गोली लग गई।
आरोपी के खिलाफ सिकंदरा थाने में पहले से पांच मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने आज निक्कू को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का कहना है कि इस दौरान निक्कू ने पुलिसवालों पर भी फायर झोंक दिया। हालांकि फायरिंग के दौरान गोली मिस हो गई, जिससे पुलिसकर्मी की जान बच गई।
एस पी सिटी विकास कुमार ने बताया कि आरोपी भागने की फिराक में था। मुखबिर की सूचना पर उसे पृथ्वीनाथ फाटक से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने जब उससे हत्या में प्रयोग हथियार के बारे में पूछा तो उसने अपनी निशानदेही पर पिस्टल बरामद करवाई। इसी दौरान मौका देखकर उसने पिस्टल उठाकर पुलिस पर फायर कर दिया। पुलिस ने अपनी तरफ से भी आरोपी पर मुकदमा दर्ज कराया है।
शाहगंज के भोगीपुरा चौराहे के पास रहने वाले निक्कू चौधरी ने शनिवार को अपनी विधवा भाभी और सगी बहन पर फायरिंग कर दी थी। इस घटना में बहन पूनम चौधरी (27) की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि भाभी नीलू घायल हो गई थी। आरोपी भीड़ का फायदा उठा कर फरार हो गया था। कहा जा रहा था कि उसने जमीनी विवाद में यह कदम उठाया था। पुलिस की कई टीमें आरोपी की तलाश में जुटी थीं। घायल भाभी की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था।
आरोपी निक्कू शातिर शूटर रहे ओपी और लाला का भतीजा है। शाहगंज में ओपी और लाला की मौत के बाद भी उनका नाम चलता है। इस क्षेत्र में उनकी बदमाशी के चर्चे हर जगह होते रहते हैं। बीस साल से परिवार का वर्चस्व क्षेत्र में है। आरोपी का बड़ा भाई रूपेश चौधरी पूर्व में हुए पवन चौहान हत्याकांड में शामिल था और बाद में उसकी हत्या हो गई थी। निक्कू पर भी पूर्व में हत्या समेत कई मुकदमे दर्ज हैं।
लोग बताते हैं कि 10 प्रतिशत ब्याज का चलन उन्होंने शुरू किया था। चर्चित राम किशन हत्याकांड के बाद एक पक्ष से सुपारी लेकर उनके गैंग के शूटर बाले और पीटर ने खुलेआम फायरिंग कर शैल कुंद्रा को छलनी कर दिया था। शैल कुंद्रा ने भी बचाव में फायरिंग की थी और बाले को गोली लगी थी। उसकी मौत हो गई थी। पीटर अभी जेल में है। चर्चित पवन चौहान हत्याकांड में निक्कू के भाई रूपेश का नाम आया था। रूपेश की साल 2006 में हत्या हुई थी। कुछ लोग नामजद हुए थे, बाद में वो बरी हो गए थे। निक्कू चौधरी पर भी पूर्व में एक हत्या और कई अन्य मुकदमे दर्ज हैं।
Post a Comment
0 Comments